ब्रहम मुहूर्त में साधना
जिन्हे बहुत लगन हो और जो अपने में कोई परिवर्तन करना चाहे, उन्हें चाहिये कि वे ब्रहम मुहूर्त में उठकर साधन करे ! वह समय बड़ा उत्तम होता है ! आधी रात के बाद का समय सारा ही बड़ा उत्तम होता है !
जप बहुत करना चाहिये ! अंतः करण के पुराने संस्कार जप से निकलते है ! जिस प्रकार जब तक कोई चीज पहले खाली न कर ली जाए , तब तक उसमें कोई नई चीज नहीं भरी जा सकती ! इसी प्रकार पहले मन को अहंभाव से खाली करना चाहिये , उसमें राम बसेगा !
साइको-एनालिसिस (Psycho - analysis) एक चिकित्सा है ! इसमें रोगी को लिटा देते है और उसको कहते है कि " तू बोलता जा, बोलता जा " ! पहले रोगी झिझकता है, पुनः झिझक जाता है, पर फिर बोलने लग जाता है ! अपने जो पाप-ताप उसने अपने मित्रो से छिपाकर रखे होते है, वे भी उसके मुँह से विवश निकल जाते है ! उन्हीं विचारों से डॉक्टर लोग, उसकी बिमारी का कारण ताक लेते है ! उन विचारों के निकल जाने से रोगी अच्छा हो जाता है !
जो डॉक्टर बनता है , उसको भी पहले ऐसे ही लेटना पड़ता है और बोलना पड़ता है ! जब उसके अपने सब विचार निकल जाते है और अन्त:करण निर्मल हो जाता है, तब वह डॉक्टर बनने के योग्य होता है ! राम नाम के जपने से भी ऐसे ही कुसंस्कार बाहर निकलते है और उनके निकल जाने पर अन्त में ह्रदय निर्मल हो जाता है !
साधक को धैर्य से जप करते रहना चाहिये | यह नहीं समझना चाहिये की मुझ में यह विचार पैदा होते है और मेरा मन नहीं लगा, अपितु यह समझना चाहिये की यह हमारे कुसंस्कार निकल रहे है ! जिस प्रकार बच्चे को अपनी माँ पर निर्भरता होती है, उसी प्रकार साधक को अपने पंथ - प्रदर्शक तथा साधन पर निर्भरता होनी चाहिये ! बच्चे को संशय-वृत्ति नहीं होती !
इसी प्रकार साधक में निर्भरा-भक्ति होनी चाहिये ! यह आ जाने पर फिर भगवान को स्वयं साधक की चिन्ता हो जाती है ! संसार में तूफान आते रहते है, पर जब नाम के जहाज में बैठ गए, तो तूफान से नहीं डरना चाहिये ! उस पर भरोसा करना चाहिये नाम की चिकित्सा बड़ी ऊंची चिकित्सा है ! देर लग जाए तो घबराना नहीं चाहिये और यह भावना दृढ़ होनी चाहिये की अब नामी को हमारी चिन्ता है, हमें कोई चिन्ता नहीं !
Ram Ram ji
राम राम जी
Sadhana Kaise Ki Jaati Hai.
साधना कैसे की जाती है !
ब्रहम मुहूर्त साधना कैसे की जानी चाहिये !
Braham Muhurat Mein Sadhana Karne ki Vidhi.
Braham Muhurat Sadhana Kaise Ki Jaani Chaahiye.
जिन्हे बहुत लगन हो और जो अपने में कोई परिवर्तन करना चाहे, उन्हें चाहिये कि वे ब्रहम मुहूर्त में उठकर साधन करे ! वह समय बड़ा उत्तम होता है ! आधी रात के बाद का समय सारा ही बड़ा उत्तम होता है !
जप बहुत करना चाहिये ! अंतः करण के पुराने संस्कार जप से निकलते है ! जिस प्रकार जब तक कोई चीज पहले खाली न कर ली जाए , तब तक उसमें कोई नई चीज नहीं भरी जा सकती ! इसी प्रकार पहले मन को अहंभाव से खाली करना चाहिये , उसमें राम बसेगा !
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Braham Muhurat Mein Sadhana--ब्रहम मुहूर्त में साधना |
साइको-एनालिसिस (Psycho - analysis) एक चिकित्सा है ! इसमें रोगी को लिटा देते है और उसको कहते है कि " तू बोलता जा, बोलता जा " ! पहले रोगी झिझकता है, पुनः झिझक जाता है, पर फिर बोलने लग जाता है ! अपने जो पाप-ताप उसने अपने मित्रो से छिपाकर रखे होते है, वे भी उसके मुँह से विवश निकल जाते है ! उन्हीं विचारों से डॉक्टर लोग, उसकी बिमारी का कारण ताक लेते है ! उन विचारों के निकल जाने से रोगी अच्छा हो जाता है !
जो डॉक्टर बनता है , उसको भी पहले ऐसे ही लेटना पड़ता है और बोलना पड़ता है ! जब उसके अपने सब विचार निकल जाते है और अन्त:करण निर्मल हो जाता है, तब वह डॉक्टर बनने के योग्य होता है ! राम नाम के जपने से भी ऐसे ही कुसंस्कार बाहर निकलते है और उनके निकल जाने पर अन्त में ह्रदय निर्मल हो जाता है !
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प्रवचन पियूष - Pravchan Piyush |
साधक को धैर्य से जप करते रहना चाहिये | यह नहीं समझना चाहिये की मुझ में यह विचार पैदा होते है और मेरा मन नहीं लगा, अपितु यह समझना चाहिये की यह हमारे कुसंस्कार निकल रहे है ! जिस प्रकार बच्चे को अपनी माँ पर निर्भरता होती है, उसी प्रकार साधक को अपने पंथ - प्रदर्शक तथा साधन पर निर्भरता होनी चाहिये ! बच्चे को संशय-वृत्ति नहीं होती !
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Braham Muhurat Mein Sadhana--ब्रहम मुहूर्त में साधना , अमृतवाणी सत्संग मलाड ईस्ट , श्री राम शरणम् मलाड ईस्ट , Amritwani Satsang Malad East, Shree Ram Sharnam Malad East, |
इसी प्रकार साधक में निर्भरा-भक्ति होनी चाहिये ! यह आ जाने पर फिर भगवान को स्वयं साधक की चिन्ता हो जाती है ! संसार में तूफान आते रहते है, पर जब नाम के जहाज में बैठ गए, तो तूफान से नहीं डरना चाहिये ! उस पर भरोसा करना चाहिये नाम की चिकित्सा बड़ी ऊंची चिकित्सा है ! देर लग जाए तो घबराना नहीं चाहिये और यह भावना दृढ़ होनी चाहिये की अब नामी को हमारी चिन्ता है, हमें कोई चिन्ता नहीं !
Ram Ram ji
राम राम जी
Sadhana Kaise Ki Jaati Hai.
साधना कैसे की जाती है !
ब्रहम मुहूर्त साधना कैसे की जानी चाहिये !
Braham Muhurat Mein Sadhana Karne ki Vidhi.
Braham Muhurat Sadhana Kaise Ki Jaani Chaahiye.